बलौदाबाजार: अल्ट्राटेक सीमेंट कंपनी हिरमी द्वारा स्थानीय श्रमिकों की अनदेखी और शासकीय भूमि पर अतिक्रमण के खिलाफ क्षेत्र के जनप्रतिनिधि अब आर-पार की लड़ाई के मूड में हैं। जिला पंचायत सभापति डॉ. मोहन लाल वर्मा के नेतृत्व में सरपंचों और जनपद सदस्यों ने जिलाधीश को ज्ञापन सौंपकर 30/04/2026 तक समस्याओं के समाधान का अल्टीमेटम दिया है। समाधान न होने पर 02/05/2026 से उग्र आंदोलन और चक्काजाम का ऐलान किया गया है।दिग्गज जनप्रतिनिधियों ने भरी हुंकारइस आंदोलन को क्षेत्र के कई प्रमुख जनप्रतिनिधियों का समर्थन प्राप्त है, जिनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:पुनाऊ भारती (सरपंच, ग्राम पंचायत हिरमी)सोन बाई ध्रुव (सरपंच, ग्राम पंचायत बरडीह )प्रेम लाल (सरपंच, ग्राम पंचायत परसवानी )प्रेमनंद जायसवाल (उपसरपंच, हिरमी)उपसरपंच परसवानी सविता हेमंत यादव (जनपद सदस्य हिरमी )पुष्पा चेलक (जनपद सदस्य, मोहरा )खोम लाल साहू (जनपद सदस्य, बुड़गहन )एवं समस्त आस पास के जन प्रतिनिधियों और ग्राम वासियो दुवारा समर्थन करने की बात कही है मुख्य मांगें और अल्टीमेटमप्रतिनिधिमंडल ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि कंपनी स्थानीय मजदूरों को प्रताड़ित कर रही है और बाहरी लोगों को रोजगार में प्राथमिकता दे रही है। साथ ही ग्राम परसवानी की 15-17 एकड़ शासकीय भूमि पर अवैध कब्जे, श्रमिक दुर्घटनाओं को छिपाने और मजदूरों के वेतन से अवैध कटौती जैसे गंभीर मुद्दे उठाए गए हैं।2 मई से होगा उग्र आंदोलनडॉ. मोहन लाल वर्मा और सरपंचों ने संयुक्त चेतावनी दी है कि यदि 30 अप्रैल 2026 तक प्रशासन और कंपनी प्रबंधन ने इन मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया, तो 2 मई से सभी ग्रामवासियों के साथ मिलकर अल्ट्राटेक सीमेंट कंपनी का सड़क एवं रेल परिवहन मार्ग पूर्णतः बाधित कर दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।







