Home Breaking BALODABAZAR: ग्राम कुथरौद में पोषण पखवाड़ा का आयोजन: “शुरुआती 1000 दिन तय...

BALODABAZAR: ग्राम कुथरौद में पोषण पखवाड़ा का आयोजन: “शुरुआती 1000 दिन तय करते हैं बच्चे का भविष्य”

10
0



हिरमी – रावन: महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित 8वें पोषण पखवाड़ा के अंतर्गत आज ग्राम कुथरौद में एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत बलौदाबाजार के सभापति डॉ. मोहनलाल वर्मा उपस्थित रहे। मस्तिष्क विकास के लिए प्रारंभिक वर्ष महत्वपूर्ण सभा को संबोधित करते हुए डॉ. मोहनलाल वर्मा ने कहा कि मानव जीवन में सबसे तेज़ विकास पहले 1000 दिनों में होता है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि “यदि शुरुआती छह वर्षों में बच्चों को सही पोषण और मानसिक उद्दीपन (Stimulation) मिले, तो उनके मस्तिष्क का अधिकतम विकास सुनिश्चित किया जा सकता है।”पोषण पखवाड़ा (09 अप्रैल से 23 अप्रैल) की मुख्य थीम पर्यवेक्षक श्रीमती सरिता वर्मा ने बताया कि इस वर्ष पोषण पखवाड़ा मुख्य रूप से पांच स्तंभों पर केंद्रित है:प्रारंभिक उत्प्रेरण (0-3 वर्ष): मस्तिष्क के विकास के लिए छोटे बच्चों के साथ संवाद और सक्रियता। खेल-आधारित शिक्षा (3-6 वर्ष): रटने के बजाय खेल-खेल में सीखने पर जोर। बच्चों को मोबाइल और टीवी से दूर रखने में पालकों की भूमिका। मातृ एवं शिशु पोषण: गर्भवती और शिशुवती माताओं के स्वास्थ्य पर ध्यान। सामुदायिक सहयोग: सक्षम और सुदृढ़ आंगनवाड़ियों के निर्माण के लिए समाज की भागीदारी। जनभागीदारी से बढ़ेगा कदम कार्यक्रम में उपसरपंच रेखाकृष्णा वर्मा और पंच रानू यदु ने भी अपने विचार रखे और ग्रामीणों को आंगनवाड़ी केंद्रों के साथ समन्वय बनाने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता राजेश्वरी वर्मा, अन्नपूर्णा पटेल, संगीता पटेल और अनुसुइया टंडन ने उपस्थित गर्भवती महिलाओं, शिशुवती माताओं और बच्चों के पालकों को सही खान-पान और स्वच्छता की शपथ दिलाई। यह अभियान 23 अप्रैल तक निरंतर चलेगा, जिसमें विभिन्न सहयोगी विभागों और संस्थाओं के समन्वय से प्रतिदिन खेल, शिक्षा और पोषण संबंधी गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी। डॉ. मोहनलाल वर्मा (मुख्य अतिथि), सरिता वर्मा (पर्यवेक्षक), ग्राम प्रतिनिधि, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण जन।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here