संवाददाता महेश वाधवानी तिल्दा-नेवरा: पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों तथा सीमित आपूर्ति के बीच तिल्दा-नेवरा से लगे ग्राम पंचायत कोटा स्थित पेट्रोल पंप में विवाद का मामला सामने आया है। पेट्रोल-डीजल उपलब्ध नहीं होने से नाराज कुछ युवकों ने पेट्रोल पंप में हंगामा करते हुए मैनेजर और एक महिला कर्मचारी के साथ मारपीट कर दी। घटना के बाद पेट्रोल पंप कर्मचारियों और संचालकों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।जानकारी के अनुसार, कुछ युवक वाहन लेकर पेट्रोल भरवाने पहुंचे थे। इस दौरान पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि पंप में पेट्रोल और डीजल दोनों का स्टॉक खत्म हो चुका है। इसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ और देखते ही देखते मामला मारपीट तक पहुंच गया। आरोप है कि युवकों ने पेट्रोल पंप मैनेजर के साथ हाथापाई की तथा बीच-बचाव करने पहुंची महिला कर्मचारी के साथ भी अभद्रता और मारपीट की।घटना के बाद पेट्रोल पंप परिसर में दहशत का माहौल बन गया। वहीं अन्य पेट्रोल पंप संचालकों और कर्मचारियों में भी इस घटना को लेकर नाराजगी है। पेट्रोल पंप यूनियन ने इस मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है।पेट्रोल पंप यूनियन से जुड़े लोगों का कहना है कि वर्तमान समय में ईंधन की आपूर्ति सीमित होने के कारण कई पंपों में स्टॉक जल्दी समाप्त हो रहा है। इसमें पेट्रोल पंप कर्मचारियों की कोई गलती नहीं है। यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि “पेट्रोल और डीजल हमारे पास आएगा तो हमारा काम है उसे बेचना। हम जानबूझकर ईंधन रोककर रखने से कोई फायदा नहीं लेते। स्टॉक खत्म होने के बाद कर्मचारियों के साथ मारपीट करना गलत है।”घटना की सूचना मिलने पर तिल्दा-नेवरा पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर आरोपियों की पहचान में जुटी हुई है।इधर, लगातार बढ़ती कीमतों और पेट्रोल-डीजल की किल्लत के कारण शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है। कई पेट्रोल पंपों में सुबह से लंबी कतारें लग रही हैं और स्टॉक खत्म होने पर विवाद की स्थिति निर्मित हो रही है। ऐसे में पेट्रोल पंप संचालकों ने प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग भी की है।







