हिरमी – रावन: अखिल विश्व गायत्री परिवार शांति कुंज हरिद्वार के तत्वावधान में ग्राम सकलोर में एक अभूतपूर्व धार्मिक आयोजन संपन्न हुआ। परम पूज्य पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य एवं परम वंदनीया माता भगवती देवी शर्मा के सूक्ष्म संरक्षण में जिला समन्वय केन्द्र बलौदाबाजार द्वारा आयोजित इस 108 कुण्डीय महायज्ञ ने समूचे क्षेत्र को भक्तिमय और सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर कर दिया। भारत में पहली बार: घर-घर पहुँचा देवत्व इस आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि यह भारत में अपनी तरह का पहला ऐसा कार्यक्रम है, जिसमें सकलोर के 108 घरों में व्यक्तिगत रूप से जाकर हवन, पूजन और पाठ संपन्न कराया गया। गायत्री परिवार और ग्रामवासियों के अटूट सामंजस्य से यह आयोजन केवल एक कर्मकांड न रहकर, जन-जन के कल्याण का अभियान बन गया।सरपंच और अतिथियों ने व्यक्त की खुशी कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित ग्राम पंचायत सकलोर की सरपंच श्रीमती ममता वेद प्रकाश वर्मा ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे ‘ऐतिहासिक’ बताया। उन्होंने कहा यह महायज्ञ हमारे गाँव को एक नई दिशा और पवित्रता की ओर ले जा रहा है। गाँव के हर घर में आद्यशक्ति मां गायत्री की कृपा पहुँचना हमारे लिए गौरव की बात है। मैं समस्त ग्रामवासियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करती हूँ। समस्त ग्रामवासियों ने हर्षोल्लास और एकजुटता के साथ यज्ञ में आहुतियां प्रदान कीं। कार्यक्रम में पधारे विशिष्ट अतिथियों का गायत्री परिवार द्वारा सम्मान किया गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, हर साल इस तरह के आयोजन से गाँव में सुख, शांति और समृद्धि का वातावरण निर्मित हो रहा है। गायत्री परिवार के प्रतिनिधियों ने बताया कि इस महायज्ञ का मुख्य उद्देश्य समाज में सद्बुद्धि का प्रसार और व्यक्ति निर्माण से राष्ट्र निर्माण की भावना को जागृत करना है। इस पावन उत्सव का समापन हुआ। शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में 108 कुण्डीय महायज्ञ का सफल आयोजन। भारत में पहली बार ऐसा हुआ कि गाँव के 108 घरों में घर-घर जाकर हवन-पूजन किया गया। सरपंच ममता वेद प्रकाश वर्मा ने इसे गाँव की प्रगति के लिए नया अध्याय बताया। सभी ग्रामवासियों को इस दिव्य आयोजन की हार्दिक बधाई!







